भोपाल: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा से जुड़ी एक बेहद चौंकाने वाली और गंभीर खबर सामने आई है। भोपाल के मुगालिया छाप-नीलबड़ स्थित शासकीय श्रमोदय आवासीय विद्यालय के हॉस्टल में शनिवार रात परोसे गए भोजन में कथित तौर पर एक मरी हुई छिपकली मिलने से हड़कंप मच गया। दूषित भोजन (Food Poisoning) के कारण 13 छात्र गंभीर रूप से बीमार हो गए हैं, जिन्हें देर रात ही आपातकालीन स्थिति में अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
🚨 कैसे हुआ पूरा हादसा?
[दैनिक भास्कर] और न्यूज़18 मध्य प्रदेश की ग्राउंड रिपोर्ट्स के अनुसार, यह घटना शनिवार रात करीब 8:00 से 9:00 बजे के बीच की है:
- सब्जी की कढ़ाई में छिपकली: हॉस्टल में रात के भोजन के दौरान जब बच्चों को आलू की सब्जी परोसी जा रही थी, तभी बॉयज हॉस्टल के छात्रों को सब्जी के अंदर एक मरी हुई छिपकली तैरती हुई दिखाई दी।
- तबीयत बिगड़ना शुरू: छिपकली मिलने की खबर फैलते ही मेस में हड़कंप मच गया। जिन बच्चों ने पहले ही खाना खा लिया था, उन्हें कुछ ही देर में तेज पेट दर्द, उल्टी, घबराहट और सीने में जलन की शिकायत होने लगी।
- आधी रात अस्पताल में अफरा-तफरी: बच्चों की हालत बिगड़ती देख स्कूल प्रबंधन तुरंत एक्शन में आया। रात लगभग 10:30 बजे सभी बीमार बच्चों को गाड़ियों से भोपाल के जयप्रकाश (जेपी) चिकित्सालय ले जाया गया। बीमार छात्रों में कक्षा 6वीं से लेकर 9वीं तक के बच्चे शामिल हैं, जिनका फिलहाल डॉक्टरों की कड़ी निगरानी में इलाज चल रहा है।
⚠️ 1,120 बच्चों की जान से खिलवाड़ और बड़ी लापरवाही
इस आवासीय विद्यालय के हॉस्टल परिसर में कुल 1,120 छात्र-छात्राएं (560 लड़कियां और 560 लड़के) रहकर पढ़ाई करते हैं।
नियम के मुताबिक, खाना पहले लड़कियों के विंग में बने सेंट्रलाइज्ड मेस में तैयार होता है, जहां से आधा भोजन लड़कों के हॉस्टल ब्लॉक में भेजा जाता है। इतनी बड़ी संख्या में बच्चों के लिए बनने वाले भोजन की गुणवत्ता की जांच न करना और मेस वेंटिलेशन या कढ़ाई को ढककर न रखना प्रबंधन की बेहद गंभीर लापरवाही को उजागर करता है। गनीमत रही कि छिपकली पर समय रहते नजर पड़ गई और भोजन वितरण तुरंत रोक दिया गया, वरना एक बहुत बड़ा हादसा हो सकता था।
🚓 पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई
- देर रात दोबारा बना खाना: घटना के बाद मेस के उस खाने को सील कर दिया गया और रात 11:00 बजे के बाद बचे हुए सैकड़ों बच्चों के लिए दोबारा से नया और ताजा खाना तैयार करवाकर परोसा गया।
- जांच में जुटी पुलिस: रातीबड़ थाना पुलिस इस पूरे मामले की वैधानिक जांच कर रही है। थाना प्रभारी रासबिहारी शर्मा के मुताबिक, बच्चों ने सब्जी की कढ़ाई में छिपकली होने का दावा किया है और इससे जुड़ा एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर आ रहा है। हालांकि, आधिकारिक तौर पर खाद्य सुरक्षा विभाग (Food Safety Department) द्वारा भोजन के सैंपल्स की लैब रिपोर्ट आने के बाद ही इसकी शत-प्रतिशत पुष्टि की जाएगी।
प्रबंधन और मेस कांट्रैक्टर के खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई की मांग को लेकर परिजनों में भारी आक्रोश है।